ग्रामवासियों ने एसडीओ को ज्ञापन सौंपकर कहा : ग्लोबस स्पिरिट्स लिमिटेड से नहीं है कोई शिकायत, प्रदर्शन को बताया भ्रामक
संवाददाता बहरागोड़ा
25 सितम्बर 2025 को ग्लोबस स्पिरिट्स लिमिटेड के मुख्य द्वार पर एक समुह द्वारा किए गए हैं धरना-प्रदर्शन को लेकर स्थानीय ग्रामीणों ने अपना पक्ष स्पष्ट किया है. ग्रामीणों ने अनुमंडल पदाधिकारी, घाटशिला को ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि कंपनी के खिलाफ की गई यह कार्रवाई भ्रामक और तथ्यों से परे है।
ग्रामवासियों ने बताया की कंपनी द्वारा किसी भी प्रकार का प्रदूषित जल बाहर खेतों में नहीं छोड़ा जाता है, और न ही फसलों को कोई नुकसान पहुंचाया जा रहा है।कंपनी के आस-पास के गाँवों के स्थानीय लोगों को रोजगार का अवसर मिल रहा है।अब तक गाँव में कंपनी से किसी तरह की दुर्घटना या स्वास्थ्य संबंधी परेशानी नहीं आई है।
ग्रामीणों ने साफ कहा कि उन्हें कंपनी से किसी भी प्रकार की शिकायत नहीं है:
स्थानीय मुखिया रणजीत सिंह, ग्राम प्रधान नील कमल प्रधान और वार्ड सदस्यों मुकुल प्रधान ने हस्ताक्षरित पत्र में स्पष्ट लिखा कि “ग्रामवासियों की ओर से कोई विरोध नहीं है, बल्कि कंपनी द्वारा क्षेत्र में विकास और रोजगार की दिशा में सहयोग किया जा रहा है।”ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि कंपनी के खिलाप एक समुह द्वारा जानबूझकर गलत अफवाह फैलाई जा रही है, जिससे आमजन को गुमराह करने की कोशिश हो रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि इस मामले की वस्तुस्थिति को देखते हुए उचित कार्रवाई की जाए।बताया गया की यह कंपनी से क्षेत्र के सैकड़ो परिवार लाभान्वित हो रहे हैं. यह कंपनी इस क्षेत्र के लिए मिल का पत्थर साबित हो रहा है. यह कंपनी द्वारा हजारों लोगों को काम दिया गया है.
क्या कहते हैं कंपनी के अधिकारी:
कंपनी के यूनिट हेड वंश बहादुर सिंह ने बताया कि जो धरना प्रदर्शन कार्यक्रम था, एक समूह के द्वारा अपने निजी स्वार्थ के लिए किया गया है। ग्लोबस स्पीरीट लिमिटेड कंपनी में 60% कर्मियों को स्थानीय तौर पर लिया गया है 40% कर्मियों को टेक्निकल जो कर्मी है उन्हें विभिन्न जगहों से लिया गया है ताकि वे विभिन्न तकनीक से प्रशिक्षित हैं। अब कंपनी के अंदर से पानी बाहर नहीं निकलता है। उन्होंने कहा कि इस बार लगातार हो रही बारिश में फैक्ट्री के अंदर से पानी निकलने की शिकायतें नहीं आई है। यूनिट हेड ने यह भी कहा कि कंपनी के द्वारा सीएसआर फंड के तहत लगातार क्षेत्र में काम किया जा रहा है। इनशक्ति फाउंडेशन के द्वारा यहां अगरबत्ती प्रशिक्षण के साथ कंपनी ने कई प्रकार के प्रशिक्षण इस क्षेत्र के महिलाओं को दिए जाते हैं। साथ ही इस क्षेत्र में तिरपाल वितरण तथा सामाजिक कार्य भी किए जा रहे हैं।

