लगातार वर्षा किसानों को भारी नुकसान खेतों में पानी भर जाने से धान आलू व फ्रेंचबीन की फसल बर्बाद
भाजपा नेता सह शिक्षाविद् रामनरायण ने कहा सरकार किसानों को दे यथाशीघ्र मुआवजा
रांची
मेहनत व हजारों रूपये खर्च कर महीनों में अपनी फसल को तैयार करने वाले अन्नदाता पर मोथा चक्रवात ने किसनों की अरमानों पर पानी फेर दिया है। पिछले तीन दिनों से एक-एक कर और हवा ने किसनों की कमर तोड़कर रख दी है। सबसे अधिक तैयार धान की फसल को हुआ है। राज्य के अधिकतर किसानों की धान व सब्जी की फसलें बर्बाद हो गई हैं। ऐसे में किसानों ने सरकार से जल्द मुआवजे की मदद करने की अपील की है। मांडर विधानसभा सहित ग्रामीण क्षेत्रों में तीन दिनों से लगातार रुक-रुक कर वर्षा से खेत जलमग्न हो गई जिससे खेतों में नमी हो गई हैं जिससे सब्जी की खेती पर सीधा असर पड़ा है। खेतों में मटर, फ्रेंचबीन, आलू सहित कई फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। खेतों में पानी भरा होने से पौधा काला पड़ने लगा है। किसानों का कहना है कि लगातार वर्षा ने फसलों पर कहर बरपाया लगभग सभी फरमतों को सीधा नुकसान पहुंचा है।
मांडर विधानसभा क्षेत्र के कई किसानों ने कर्ज लेकर सब्जी आलू गन्ना धान मटर बीन धनिया की खेती की थी लेकिन अब चक्रवात से उन्हें नुकसान हुआ है अब वे कर्ज चुकाने की चिंता में परेशान हैं। धान की फसल लगभग तैयार थी परंतु अब बारिश में गीला होने से गुणवता में कमी आएगी। किसानों की समस्या को देखते हुए भाजपा नेता रामनारायण भगत ने कहा है कि लगातार वर्षा होने से धान व सब्जी की खेती बर्बाद हो गई और किसानों के समक्ष गंभीर आर्थिक समस्या उत्पन्न हो गई है। उन्होंने झारखंड सरकार के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से किसानों की क्षति का आकलन करा कर किसानों को यथाशीघ्र मुआवजा देने की मांग की है।उन्होंने यह भी कहा है सरकार धान में किसानों को मिलने वाले बोनस को भी बढ़ाए जिससे कि उनके नुकसान की भरपाई हो सके।

