खून से रंगी पारिवारिक रात, बहन के ससुर ने बहन के भाई को चाकू से गोदा, हुई मौत
जमशेदपुर-
सरायकेला जिला के गम्हरिया थाना क्षेत्र के आदर्श नगर में एक दिल दहला देने वाली वारदात ने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया है। मामूली पारिवारिक विवाद ने ऐसा रूप ले लिया कि चंद मिनटों में घर के अंदर चीख-पुकार और खून से लथपथ ज़मीन पर पड़ी लाश का मंजर बन गया।
जानकारी के अनुसार, बीते 2 अक्टूबर की रात बहन के ससुर ने आपसी विवाद के दौरान बहन के भाई की चाकू से गोदकर हत्या कर दी। मृतक की पहचान फुंटूस कुमार के रूप में की गई है। फुंटूस हाल ही में बिहार के नालंदा से लौटा था, जहां वह अपने भाई के गृह प्रवेश कार्यक्रम में शामिल हुआ था। जमशेदपुर पहुंचने के बाद वह अपनी बहन के घर आदर्श नगर गया था लेकिन किसे पता था कि यह उसका आख़िरी पड़ाव साबित होगा।
पुलिस के मुताबिक, बहन के ससुर दशरथ प्रसाद के साथ किसी बात को लेकर तीखी बहस हुई जो कुछ ही देर में खूनी झड़प में बदल गई। गुस्से में आए दशरथ प्रसाद ने रसोई से चाकू उठाया और फुंटूस पर ताबड़तोड़ वार कर दिया। खून से सना शरीर ज़मीन पर गिर पड़ा, और परिवार की चीखें गलियों में गूंज उठीं।
घायल फुंटूस को स्थानीय लोगों की मदद से तत्काल टीएमएच अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे बचाने की पूरी कोशिश के बावजूद मृत घोषित कर दिया।
घटना के बाद पूरे आदर्श नगर में तनाव फैल गया। पुलिस ने रातों-रात आरोपी दशरथ प्रसाद को गिरफ्तार कर लिया है। सरायकेला के एसडीपीओ समीर सवैया ने बताया कि प्राथमिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि घटना पारिवारिक विवाद का परिणाम है, हालांकि मामले के सभी पहलुओं की गहराई से जांच की जा रही है। अगर किसी और की भूमिका सामने आती है तो अतिरिक्त गिरफ्तारियां भी की जाएंगी।
इलाके में माहौल इतना तनावपूर्ण है कि पुलिस ने गम्हरिया और आदर्श नगर में अतिरिक्त बल तैनात कर दिया है। लगातार गश्त जारी है और स्थानीय लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की गई है।
घटना के बाद से पूरे इलाके में सन्नाटा पसरा है। मोहल्ले के लोग अब भी यकीन नहीं कर पा रहे कि कुछ शब्दों की तल्ख़ी ने एक ज़िंदग़ी को यूँ लहूलुहान कर दिया। जिस घर में कभी हंसी-खुशी का माहौल था, वहां अब सिर्फ़ मातम पसरा है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, आरोपी दशरथ प्रसाद ने प्रारंभिक पूछताछ में अपराध स्वीकार किया है। बताया जा रहा है कि विवाद घरेलू मामूली बात को लेकर हुआ था, लेकिन दशरथ का गुस्सा इस कदर भड़क गया कि उसने जानलेवा कदम उठा लिया।
टीएमएच अस्पताल के बाहर मृतक के परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। मां बार-बार एक ही सवाल पूछ रही है क्या यही ससुराल है जहां मेरा बेटा बहन से मिलने गया था?

