ओबीसी कांग्रेस जिला अध्यक्ष अजय प्रजापति के नेतृत्व में मनरेगा बचाओ अभियान में सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने लिया भाग
मनरेगा कानून व नाम में बदलाव के विरोध में कांग्रेस का मनरेगा बचाओ संग्राम, मोराबादी से लोक भवन तक पैदल मार्च
हजारीबाग
महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम कानून और उसके नाम में बदलाव के विरोध में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत राजधानी रांची में जोरदार पैदल मार्च निकाला गया। यह पैदल मार्च बापू वाटिका, मोराबादी से प्रारंभ होकर लोक भवन तक पहुंचा, जिसमें कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में मनरेगा समर्थक और आम लोग शामिल हुए। इस कार्यक्रम को सफल बनाने में हजारीबाग ओबीसी जिला अध्यक्ष अजय प्रजापति के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने सक्रिय भागीदारी निभाई। हाथों में बैनर-पोस्टर और नारेबाजी के साथ कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ विरोध दर्ज कराया और मनरेगा को कमजोर करने के किसी भी प्रयास को बर्दाश्त नहीं करने का संकल्प दोहराया।
ओबीसी जिला अध्यक्ष अजय प्रजापति ने पैदल मार्च के दौरान संबोधित करते हुए कहा कि मनरेगा केवल एक योजना नहीं बल्कि ग्रामीण गरीबों, मजदूरों और वंचित तबकों के लिए जीवन रेखा है। उन्होंने कहा कि मनरेगा के माध्यम से करोड़ों ग्रामीण परिवारों को रोजगार, सम्मान और आर्थिक सुरक्षा मिली है। ऐसे में इसके कानून और नाम में बदलाव की कोशिश गरीब विरोधी सोच को दर्शाती है। उन्होंने आगे कहा कि कांग्रेस पार्टी शुरू से ही मनरेगा की संरक्षक रही है और इसे कमजोर करने की किसी भी साजिश का सड़कों पर उतरकर विरोध करेगी। अजय प्रजापति ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार मनरेगा के बजट में कटौती कर, इसके स्वरूप में बदलाव कर और नाम बदलने की कोशिश कर रही है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में बेरोजगारी और गरीबी और बढ़ेगी। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जब तक मनरेगा और इसके मूल कानून की रक्षा नहीं हो जाती, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा।
पैदल मार्च में शामिल कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने कहा कि मनरेगा ने देश के गांवों में पलायन रोकने, महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाई है। इसे कमजोर करना सीधे-सीधे संविधान की भावना और सामाजिक न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है। कार्यक्रम के अंत में कांग्रेस नेताओं ने एक स्वर में मनरेगा को यथावत रखने, इसका नाम न बदलने, मजदूरी दर बढ़ाने और समय पर भुगतान सुनिश्चित करने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि केंद्र सरकार ने मनरेगा के साथ छेड़छाड़ जारी रखी तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। कार्यक्रम में मुख्य रूप से ओबीसी के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष सुरजीत नागवाला, प्रदेश वारिये उप अध्यक्ष ओम प्रकाश गोप, प्रदेश महा सचिव विनोद कुशवाहा, प्रदेश प्रवक्ता डॉ प्रकाश मेहता, प्रदेश सचिव रेणु कुमारी, मो मनान वारसी, डॉ निजामउद्दीन, इंटक जिला अध्यक्ष कजरू साव, रामकुमार पटेल, सुनील चंद्रवंशी, कुलेश्वर प्रजापति, राजेश प्रजापती, जितेन्द्र प्रजापती सहित अन्य शामिल हुए।

