मीट व मुर्गा दुकानों के संचालन को लेकर सख्त निर्देश
बिना खाद्य अनुज्ञप्ति व्यवसाय करने पर होगी कार्रवाई : खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी मो. मंजर हुसैन
बरही
खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 तथा खाद्य सुरक्षा एवं मानक विनियम 2011 के तहत मीट एवं वे मुर्गा दुकानों के संचालन को लेकर जिला खाद्य सुरक्षा विभाग ने सख्त निर्देश जारी किए हैं। अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी सह अभिहित अधिकारी (खाद्य सुरक्षा शाखा) हजारीबाग द्वारा सभी मीट एवं मुर्गा दुकानदारों को निर्धारित नियमों एवं मानकों का अक्षरशः अनुपालन करने का आदेश दिया गया है। जारी निर्देश में स्पष्ट किया गया है कि मीट एवं मुर्गा दुकान संचालन के लिए खाद्य अनुज्ञप्ति या पंजीकरण कराना अनिवार्य है। बिना वैध अनुज्ञप्ति या पंजीकरण के व्यवसाय करना दंडनीय अपराध है। भारतीय खाद्य संरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) एवं राज्य जीव-जंतु कल्याण बोर्ड, झारखंड द्वारा तय मानकों का पालन सभी दुकानदारों को करना होगा।
निर्देशों के अनुसार, खाद्य अनुज्ञप्ति या पंजीकरण से पूर्व स्थानीय निकाय एवं प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से अनापत्ति प्रमाण पत्र प्राप्त करना आवश्यक होगा। खुले में मांस काटने अथवा लटकाकर बेचने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। मीट दुकान सब्जी या मछली की दुकान के पास नहीं होगी तथा धार्मिक स्थलों से कम से कम 50 मीटर की दूरी पर संचालित होगी। यदि दुकान धार्मिक स्थल के मुख्य द्वार के सामने है, तो न्यूनतम दूरी 100 मीटर निर्धारित की गई है। दुकान का दरवाजा स्वतः बंद होने वाला एवं काले शीशे से युक्त होना चाहिए। मीट दुकान की ऊंचाई न्यूनतम 3 मीटर तथा वातानुकूलित दुकान की ऊंचाई कम से कम 2.5 मीटर होनी चाहिए। दीवारों पर 5 फीट की ऊंचाई तक इम्परवियस कंक्रीट मटेरियल तथा फर्श पक्का, नॉन-स्लिप सामग्री का होना अनिवार्य है, साथ ही न्यूनतम 5 सेंटीमीटर का ढाल होना चाहिए। मांस काटने में उपयोग होने वाले चाकू एवं अन्य धारदार औजार स्टेनलेस स्टील के होने चाहिए। दुकान में साइन बोर्ड लगाना अनिवार्य होगा, जिसमें यह स्पष्ट लिखा होगा कि किस प्रकार का मांस (झटका या हलाल) बेचा जा रहा है।
स्वच्छ पेयजल, उचित जल निकासी, क्रॉस वेंटिलेशन एवं हवादार व्यवस्था भी अनिवार्य की गई है। यदि मांस 48 घंटे से अधिक समय तक भंडारित किया जाता है, तो 4 से 8 डिग्री सेल्सियस तापमान बनाए रखने हेतु डिस्प्ले या फ्रीजिंग कैबिनेट टाइप रेफ्रिजरेटर होना आवश्यक होगा। इसके अलावा पशु अपशिष्ट निपटान की समुचित व्यवस्था तथा अपशिष्ट संग्रहण के लिए पैडलयुक्त ढक्कन वाले कूड़ेदान की व्यवस्था अनिवार्य की गई है। खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी हजारीबाग मो. मंजर हुसैन ने सभी मीट एवं मुर्गा दुकानदारों को चेतावनी देते हुए कहा है कि नियमों का उल्लंघन करने पर संबंधित दुकानों के विरुद्ध विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।

