माताजी आश्रम में दूसरे चरण का साहित्य प्रतियोगिता संपन्न,विभिन्य विद्यालय के 60 बच्चों ने लिया भाग
पोटका से सुरेश कुमार महापात्र की रिपोर्ट
बच्चों के अंदर प्रतिभा है आगे बढ़ने के लिए मंच और प्रेरणा चाहिए:डाक्टर जी. सी.माझी
माताजी आश्रम तथा झारखण्ड साहित्य परिषद क्षेत्र में सकारात्मक कार्य कर रही है: डाक्टर अरविंद कुमार लाल
माताजी आश्रम हाता में दूसरा चरण का साहित्य प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसमें पहले चरण में कुल 12 विद्यालय से 60 सफल प्रतिभागियों ने भाग लिया।माताजी आश्रम की ओर से सभी प्रतिभागियों को विषय वस्तु दिया जिसको पूरा करने की समय सीमा एक घंटा निर्धारित की गई।स्वरचित कविता में भारत माता, कहानी में,कोई भी शिक्षा मुलक़ कहानी तथा लेख में साहित्य समाज का दर्पण है, दिया गया। प्रतिभागियों ने अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका दिया गया । इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में एम्स के सेवा निब्रित डाक्टर जी. सी. माझी, विशिष्ट अतिथि के रूप में जीवन विमा के उच्च पदाधिकारी कानाई हांसदा, पूर्वी सिंहभूम के पूर्व सिविल सर्ज़ेन डाक्टर अरविंद कुमार लाल, सेवा निवृत पोस्ट मास्टर जगन्नाथ साहू, गाज़ूर संस्था के संस्थापक जन्मेजय सरदार आदि उपस्थित थे।परिषद के सचिव शंकर चंद्र गोप ने अतिथियों तथा प्रतिभागी बच्चों को स्वागत करते हुए परिषद का उद्देश्य पर प्रकाश डाला।झारखण्ड प्रभा के संपादक सुनील कुमार दे ने कहा साहित्य प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य प्रतिभा खोज करना और उन्हें आगे बढ़ने के लिए मंच देखर प्रेरित करना है । डाक्टर अरविंद कुमार लाल ने कहा माताजी आश्रम और झारखण्ड साहित्य संस्कृति परिषद एकसाथ मिलकर क्षेत्र में अच्छा सकारात्मक काम कर रही है। कानाई हांसदा ने कहा आगे बढ़ने के लिए तथा जीवन में कुछ अच्छा काम करने के लिए दृढ़ ईच्छा शक्ति होनी चाहिए । डाक्टर जी. सी माझी ने कहा हर बच्चों के अंदर प्रतिभा है, आगे बढ़ने के लिए प्रेरणा और मंच चाहिए होता है, जन्मेजय सरदार ने भी अपना महत्वपूर्ण विचार रखते हुए उन्होंने गाज़ूर संस्था की ओर से सभी प्रतिभागियों को पौधा देकर सम्मानित किया।अंत में परिषद के अध्यक्ष भवतारण मण्डल ने धन्यवाद दिया। कार्यक्रम का संचालन सुनील कुमार दे ने किया।इस अवसर पर राजकुमार साहू, कृष्ण पद मण्डल,आशुतोष मण्डल, उज्जवल मण्डल, जय हरि सिंह मुंडा, विकास कुमार भकत, अलोक पाल, अमल कुमार दास, सुमन जी, चिंतामणि त्रिपाठी, शक्ति पद रजक, रामकृष्ण सरदार,सुरेश महापात्र,बलराम गोप, बिनोद ज्योतिषी, निताई महाकुड़ आदि के साथ अभिभावकगण एवं बच्चे उपस्थित थे।

